आदित्य दत्ता नजरिया न्यूज़ रानीगंज
हमारा देश आजाद हुआ लगभग 78 साल होने चला लेकिन रानीगंज मुख्यालय स्थित मेरी गंज डाकघर जो एक अंग्रेज अधिकारी की पत्नी के नाम से रखा गया है कई जगहों के नाम का परिवर्तन हुआ पर आज भी अंग्रेज जमाना की याद दिलाता है मेरीगंज सिर्फ डाक के पते पर लिखा जाता है पूरा जिला में कहीं मेरीगंज का नाम से कोई स्थान नहीं है पुराने लोग बताते हैं
कि डॉ मार्टिन एक अंग्रेज अधिकारी थे उन्होंने एक भारतीय लड़की से विवाह किया था जिसका नाम उन्होंने मेरी रखा था लंबी बीमारी के कारण मेरी की मौत हो गई मौत के बाद मार्टिन रानीगंज को बदलकर मेरीगंज करना चाह रहा था लेकिन रानी इंद्रावती के लोकप्रिय के चलते मार्टिन नाम परिवर्तन करने में असफल रहा कुछ अब देखना यह है कि डाकघर का नाम कब परिवर्तन हो पता है





















