तातपौआ पैक्स के अध्यक्ष, प्रबंधक व प्रबंधकारिणी सदस्यों पर प्राथमिकी दर्ज, अन्य पैक्सों को चेतावनी
==पैक्स द्वारा कुल-591.200 एमटी धान के एवज में केन्द्रीय सहकारी बैंक पूर्णिया से 1,37,45,400/- (एक करोड़ सैतीस लाख पैतालिस हजार चार सौ) रुपये कैश क्रेडिट ऋण उपलब्ध कराया गया है….
वीरेंद्र चौहान नजरिया न्यूज ब्यूरो,7अगस्त।
किशनगंज जिलान्तर्गत ठाकुरगंज प्रखंड क्षेत्र के तातपौआ पैक्स गोदाम से 49 लाख रुपये मूल्य का धान कैसे निगल लिया गया। इस गबन का खुलासा प्राथमिकी दर्ज कराने ने से हुआ है। धान अधिप्राप्ति वर्ष 2024-25 के दस्तावेज में किसानों से कुल 591.200 एमटी धान का क्रय किया गया है। विभागीय निदेश के आलोक में सीएमआर की आपूर्ति SFC को दिनांक 15.07.2025 तक किया जाना था। लेकिन सीएमआर की आपूर्ति हेतु अवधि दिनांक-10. 08.2025 तक विस्तारित होने के बावजूद तातपौआ पैक्स द्वारा सीएमआर की आपूर्ति करने में लापरवाही बरती गयी। पैक्स द्वारा कुल-591.200 एमटी धान के एवज में केन्द्रीय सहकारी बैंक पूर्णिया से 1,37,45,400/- (एक करोड़ सैतीस लाख पैतालिस हजार चार सौ) रुपये कैश क्रेडिट ऋण उपलब्ध कराया गया है। क्रय धान के समतुल्य 402.016 एम टन सीएमआर की आपूर्ति की जानी थी, परंतु दिनांक 04.08.2025 तक मात्र 290.00 एमटी सीएमआर की आपूर्ति SFC को की गई है, तथा अबतक मिल को मात्र 380.025 एमटी धान आपूरित किया गया है। शेष 211.175 एम०टी० धान भौतिक सत्यापन के उपरान्त गोदाम में भंडारित धान की मात्रा शून्य प्रतिवेदित किया गया है।

पैक्स द्वारा कुल-591.200 एमटी धान के एवज में केन्द्रीय सहकारी बैंक पूर्णिया से 1,37,45,400/- (एक करोड़ सैतीस लाख पैतालिस हजार चार सौ) रुपये कैश क्रेडिट ऋण उपलब्ध कराया गया है-रिपोर्ट
जिसका सरकारी सर्मथन मूल्य -23250/- (तैयीस हजार दो सौ पचास) रुपये प्रति/ एम०टी० की दर से कुल अवशेष धान का मूल्य 49,09,818.75/- (उनचास लाख नौ हजार आठ सौ अठारह रुपये पचहत्तर पैसे) है, जो सीधे तौर पर अध्यक्ष, प्रबंधक एवं प्रबंधकारिणी सदस्यों द्वारा गबन कर लिया गया है।
तातपौआ पैक्स पर संबंधित थाना में अध्यक्ष रागिब आलम, प्रबंधक-मंसूर आलम एवं प्रबंधकारिणी सदस्यों के विरुद्ध धान गवन किये जाने से संबंधित बिहार सहकारिता अधिनियम 1935 की धारा 40, 41 एवं भारतीय दण्ड संहिता के सुसंगत धाराओं के तहत अंजय कुमार, सहकारिता प्रसार पदाधिकारी, ठाकुरगंज के द्वारा प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।साथ ही निदेश है कि यदि शेष पैक्सों / व्यापार मण्डलों के द्वारा दिनांक-10.08.2025 तक अपना-अपना अवशेष सीएमआर SFC को आपूर्ति नहीं किया जाता है तो, उनके विरूद्ध भी बिहार सहकारिता अधिनियम 1935 की धारा 40, 41 एवं भारतीय दण्ड संहिता के सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज करायी जायगी।





















