नजरिया। भरगामा।
सड़कों के बीच में और किनारे पर सफेद पट्टी नहीं होने से रात के समय में हादसों की आशंका बढ़ गई है। अंधेरे व कोहरे के बीच मददगार होता है ये संकेत। जबकि रात के समय सामने से आ रही तेज रौशनी पड़ने पर चालक सफेद पट्टी के सहारे सफर कर लेते हैं।
प्रखंड के सुकेला मोड से फारबिसगंज प्रखंड के सैफगंज तक सडक का निर्माण काफी जोर-शोर से शुरु होकर पुर्ण होने के कगार पर है हलांकि सड़क निर्माण 20 किमी तक पुर्ण भी हो चुका है। जबकि एक महीने बीतने के बाद भी सड़क पर एक तरफ उजला पट्टी बना दिया जबकि दुसरी तरफ रेखांकित नहीं किया गया है। इसके अलावा रात के समय चालकों को वाहन चलाने में दिक्कत हो रही है। अंधेरे के बीच अंदाजे से वाहन चलाने से गति तो धीमी हो ही जाती है, हादसे की भी आशंका बनी रहती है। संबंधित विभागों को सडच के दोनो तरफ सफेद पट्टी बना देना चाहिए, लेकिन विभाग बजट और नियमों का हवाला देकर लोगों की जान जोखिम में डाल रहे हैं। जानकारी के अनुसार, लोक निर्माण विभाग की तरफ से सड़कों के बीच में थर्मल प्लास्टिक पेंट से सेंटर लाइन खींची जाती है।
जबकि सड़क के दोनों किनारे पर रेज लाइन बनाई जाती है। सेंटर लाइन वाहन चालक के लिए बीच में चलने का संकेत देती है। रात में यह लाइन वाहन चालक के लिए मार्गदर्शक का काम करती है। रात के समय सामने से आ रही भारी वाहनों के रोशनी से छोटी बहन चालकों को काफी परेशानी होती है। इसी सफेद पट्टी के सहारे चालक अपने वाहन को चलाता है। वहीं, रेज लाइन से यह संकेत होता है कि लाइन के बाद किनारे वाहन नहीं ले जाना है।
ऐसी हालत में सड़क में जहां पर कट होता है या रात के समय वहां पर हादसे की आशंका अधिक हो जाती है। इधर युवा नेता बबलू रजक पूर्व मुखिया पूनम कुमारी सामाजिक कार्यकर्ता असलम बेग , जदयू प्रखंड प्रवक्ता संजय मिश्रा , आशीष सिंह सोलंकी, रघुनदन साह , राजकुमार गुप्ता, अमर चौहान आदि ने जिला प्रशासन से सड़क पर अविलंब दुसरी तरफ भी सफेद पट्टी बनवाने का मांग किया है।






















