समस्तीपुर/दलसिंहसराय
(राज कुमार सिंह)।
रक्षाबंधन का त्योहार शनिवार को शहर से लेकर गांव-गांव तक बहनें ने भाई के कलाई पर राखी बांधकर हर्षोल्लास के साथ मनाया।रक्षाबंधन का त्योहार महज एक कलाई पर बांधे जाने वाला धागा नहीं बल्कि भाई और बहन के अटूट रिश्ते का पैगाम है।
पत्रकार राज कुमार सिंह की पत्नी सीमा कुमारी एक कुशल गृहणी हैं।उन्होंने अपने भाई संजय सिंह को राखी बांधकर रक्षाबंधन त्योहार हर्षोल्लास के साथ मनाई।सेना परिवार से ताल्लुक रखने वाली सीमा कुमारी कहती है कि भाई-बहन का रिश्ता दुनिया के सबसे खूबसूरत रिश्तों में एक होता है। एक ऐसा रिश्ता जिसकी अभिव्यक्ति के तरीके बहनों की उम्र के साथ बदलते रहते हैं। बहनों का बचपन भाईयों से लड़ते-झगड़ते बीतता है। साथ रहें, साथ खाएं या साथ खेलें – एकदम दुश्मनों वाला सलूक। राखी के दिन मिठाई खिलाने के बाद नेग के लिए भी झगड़ा। फिर ये बहनें लड़ते-झगड़ते जाने कब सयानी हो जाती हैं और देखते-देखते भाईयों की फ़िक्र करने लगती हैं। किसी भी चीज़ में हिस्सा मांगना तो दूर,अपना हिस्सा भी भाईयों को इत्मीनान से सौंप देती हैं। बड़े प्यार से राखी बांधती हैं और बदले में कुछ भी नहीं मांगती। कुछ दो तो ठीक। न दे सको तो आंखों में कुछ ज्यादा ही प्यार। ब्याह के बाद ससुराल जाकर भाईयों को अपनी प्रार्थना और प्रतीक्षा में शामिल कर लेती हैं।
राखी के दिन भाईयों का इंतज़ार करती हैं। साल दर साल, यह जानते हुए भी कि जवानी में भाईयों को अपने काम और बीवी-बच्चों से फुर्सत मिलने की संभावना कुछ कम ही होती है। बूढ़ी हुई तो बहन से सीधे मां की भूमिका में उतर आती हैं। बात-बात में स्नेह से भींगी हिदायतें और डांट -फटकार। हालांकि बुढ़ापे में भाईयों की स्मृति में बहनें कम ही रह जाती हैं। यह सोचकर हैरत होती है कि कोई इस क़दर और इतने लंबे अरसे तक किसी को ऐसा प्यार और फ़िक्र कैसे कर सकता है। शायद कुछ अलग मिट्टी से बनती हैं हमारी बहनें।वंही भाई संजय ने कहा कि रक्षाबंधन का त्योहार भाई बहन के बीच एक अटूट रिश्ता कायम करता है।साथ ही बहन की रक्षा का वचन जब तक जिंदा है निभाएंगे।
जोकीहाट में रक्षाबंधन की धूम: बहनों ने भाइयों की कलाई पर बांधी राखी, उमड़ा अटूट प्रेम
जोकीहाट:अररिया। रक्षाबंधन के अवसर पर शुक्रवार को जोकीहाट प्रखंड क्षेत्र में भाई-बहन के प्रेम और स्नेह की खूबसूरत तस्वीर देखने...






















