नजरिया न्यूज़,
जोगबनी/अररिया।
भारत–नेपाल व्यापार के क्षेत्र में सोमवार को एक महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज हुई, जब कोलकाता बंदरगाह से रवाना हुई पहली अंतरराष्ट्रीय कार्गो रेल नेपाल के विराटनगर कस्टम यार्ड पहुंची। इस रेल के जरिए स्वस्तिक ऑयल इंडस्ट्रीज के लिए तीसरे देशों से आयातित कच्चा माल सीधे विराटनगर लाया गया।
नेपाल–भारत पारवहन समझौते के तहत अब तीसरे देशों से आयातित माल भारतीय रेलवे नेटवर्क के माध्यम से सीधे विराटनगर कस्टम कार्यालय तक पहुंचाया जा सकेगा। इससे पूर्वी नेपाल के उद्योगों और व्यापारियों को तेज, सुरक्षित और कम लागत वाली परिवहन सुविधा मिलेगी। साथ ही माल ढुलाई में लगने वाला समय भी पहले की तुलना में काफी कम होगा।
कार्गो रेल सेवा का शुभारंभ कोलकाता में नेपाली महावाणिज्य दूतावास, कोलकाता कस्टम, कोलकाता पोर्ट और भारतीय कंटेनर निगम लिमिटेड (CONCOR) के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर किया था। सोमवार को रेल के विराटनगर पहुंचने पर कस्टम अधिकारियों, उद्योगपतियों और व्यापारियों ने इसका स्वागत किया।
व्यापारिक संगठनों ने इसे भारत–नेपाल के बीच सीमा पार व्यापार को नई गति देने वाला कदम बताया। उनका कहना है कि इस सेवा के नियमित संचालन से उद्योगों को आवश्यक कच्चा माल समय पर उपलब्ध होगा, जिससे उत्पादन और व्यापार दोनों को बढ़ावा मिलेगा।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले बथनाहा से विराटनगर कस्टम यार्ड तक कार्गो रेल सेवा शुरू की गई थी, लेकिन वर्ष 2023 में एक बार परिचालन के बाद यह नियमित नहीं रह सकी थी। अब सभी आवश्यक नीतिगत मंजूरियां और प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद कोलकाता बंदरगाह से विराटनगर तक नियमित कार्गो रेल परिचालन का मार्ग प्रशस्त हो गया है। इसे नेपाल के औद्योगिक विकास और भारत–नेपाल व्यापारिक संबंधों के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।





















