नज़रिया न्यूज कुर्साकांटा (अररिया)। जाफर
कुर्साकांटा प्रखंड क्षेत्र के कुवाड़ी पंचायत मदरसा मिफ़्ता ह उल उलूम में शनिवार की रात्रि कुवाड़ी मदरसा के पूर्व प्रधानअध्यापक स्वर्गीय कारी सुलेमान के लिए ऐसाल ए सवाब और दुआ ए कार्यक्रम का आयोजन किया गया, कार्यक्रम में दर्जनों धर्मगुरुओं सहित हजारों लोगों ने भाग लिया, यह कार्यक्रम मौलाना हुसैन की अध्यक्षता में हुई,कार्यक्रम का शुभारंभ मदरसा के शिक्षक कारी शाहनवाज ने कुरआन पाक की तिलावतसे की तो मंच संचालन मौलाना दाऊद ने बड़े ही प्यारे अंदाज में शेरो शायरी के साथ की है, मौलाना दाऊद ने स्वर्गीय कारी सुलेमान की खूबी और कुर्बानियों को दर्शकों के बीच विस्तार से रखा, उन्होंने कहा की कारी सुलैमान से मुझे दिली मुहब्बत थी और वह भी हम से बहुत ही मुहब्बत करते थे, उनकी मुहब्बत और कुर्बानी आज भी मुझे रुलाती है, वहीं अपनी तकरीर में मुफ्ती अब्दुल वारिस ने इस्लामिक धर्मगुरुओं की महत्व को विस्तार से बताया ,उन्होंने कहा कि इस्लाम में सब से,बेहतर इंसान वह है जो कुरआन पढ़ें पढ़ाए ,और पूरी जिंदगी इस्लाम धर्म के अनुसार चले, मुफ्ती अब्दुल वारिस ने कहा कि कारी सुलैमान अपनी पूरी जिंदगी खुदा की इबादत में गुजारी है, जिसका परिणाम यह है कि आज हम सब मदरसा मिफ़्ता ह उल उलूम कुवाड़ी के नाम से जानते हैं ,जहां से हर साल दर्जनों बच्चे कुरआन पाक पढ़ते हैं और दर्जनों उसके हाफिज बनते हैं,
जहां धर्मगुरुओं ने अपनी तकरीर में कारी सुलैमान की अच्छाई और सच्चाई बताया तो वहीं चर्चित नात खा कारी कमरूजमा कमर नौमानी ने नात पाक के इलावा मुंकबत के अशआर भी पढ़े जिन्होंने कारी सुलैमान की हर कुर्बानियों को जाहिर कर दिया, कार्यक्रम का संपन्न मदरसा मिफ़्ता ह उल उलूम के प्रधान अध्यापक कारी सुलैमान के बड़े पुत्र मौलाना हुसैन कासमी की दुआ से हुई मौलाना हुसैन ने दुआ से पहले, अपने पिता की कुर्बानियों पर रौशनी डाली उन्होंने कहा कि पिता दीनी मेहनत और लगन सादा जिंदगी एक दूसरे से मुहब्बत और खुदा के लिए मदरसा मस्जिद दीनी कार्यक्रम में जाना लोगों के बीच तबलीग करना, सभी के लिए दुआ करना यह उनका अमल था, आज वह हमारे बीच नहीं है अब हम सब उनके लिए दुआ करें अल्लाह पाक उनकी मगफिरत फरमाएं उनको जंतुलफिरदोस में बुलंद मुकाम आता करें, कार्यक्रम में आए सभी लोगों का मौलाना हुसैन ने शुक्रिया अदा किया और हमेशा कुवाड़ी मदरसा के साथ मिलकर चलने की अपील की,
मुख्य अतिथियों में मौलाना दाऊद, कारी कमरूजमा कमर नौमानी, मौलाना वसीकुर रहमान, मुफ्ती मंसूर, मुफ्ती अब्दुल वारिस, हाफिज मनौवर, हाफिज जियाउर रहमान, सहित अन्य लोग मौजूद थे,






















