- जुर्माना की राशि नहीं जमा करने पर 15 दिन का अतिरिक्त कारावास में रहेगा पति भीम बहरदार
नजरिया न्यूज़ (विवेक प्रकाश , अधिवक्ता सह पत्रकार) अररिया। दहेज के नाम पर ₹2,00,000 नहीं देने पर आरोपी पति भीम बहरदार अपने सहयोगियों के साथ मिलकर अपनी पत्नी रंजना देवी की हत्या कर उसके लाश को पत्थर से बांधकर परमान नदी में डूबने का मामला प्रमाणित होने पर व्यवहार न्यायालय के ADJ-4 रवि कुमार ने आरोपी पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। यह सजा एस टी मुकदमा संख्या 504/2022 जोगबनी थाना कांड संख्या 303/2019 में सुनाई गई है।
आरोपी पति को आजीवन कारावास की सजा के अलावा विभिन्न धाराओं में 1,10,000 रुपया का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना की राशि अदा नहीं करने पर आरोपी पति को 15 दिन का अतिरिक्त कारावास की सजा भी भुगतनी होगी। इसी मामले के अन्य आरोपियों में आरोपी की माता मकको देवी , पिता सैनी बाहरदार व भाई अर्जुन मुखिया को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया है। घटना के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए सरकार की ओर से APP प्रभा कुमारी ने कहा कि घटना 12 अक्टूबर 2019 की है।
दहेज के रूप में मोटरसाइकिल के नाम पर 1,70,000 रुपए मिलने के बाद भी आरोपी पति के द्वारा अपनी पति से लगातार ₹2,00,000 की मांग करने लगा। पत्नी के द्वारा ₹2,00,000 नहीं देने की बात पर उसके पति भीम बाहरदार ने उसकी हत्या कर उसकी लाश को पत्थर से बांधकर परमान नदी में डूबा दिया। इसके बाद आरोपी पति अपने पूरे परिवार के साथ घर से फरार हो गया।
घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस के द्वारा आरोपी पति को 13 अक्टूबर 2019 को गिरफ्तार किया गया। इसके बाद आरोपी पति के निशानदेही पर मृतका की लाश को बरामद किया गया। बताया जाता है कि मृतका की माता आनंदी देवी अपने पति मानिक चंद्र साहनी के साथ नेपाल के मोरंग जिला अंतर्गत बकरी चौक थाना क्षेत्र के पिछड़ा विराटनगर वार्ड नंबर 11 की रहने वाली है उन्हीं के द्वारा आरोपियों के विरुद्ध जोगबनी थाना में थाना कांड संख्या 303/ 2019 दर्ज कराई गई।
उन्होंने बताया कि जुर्माना की राशि मृतका की माता को देने का आदेश कोर्ट के द्वारा दिया गया है। साथ ही उन्होंने बताया कि इस मुकदमा में गवाहों के बयान से संतुष्ट होकर न्यायालय के न्यायाधीश रवि कुमार ने आरोपी पति भीम बहरदार को दोषी पाया। इसके साथ-साथ सजा के बिंदु पर बचाव पक्ष की अधिवक्ता संजीव कुमार सिन्हा ने अपना पक्ष रखा। कोर्ट द्वारा दोनों पक्षों के दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीश रवि कुमार ने आरोपी पति भीम बहरदार को धारा 304 बी और धारा 201 के तहत सजा मुकर्रर करते हुए सभी सजाएं साथ-साथ चलने का आदेश भी जारी किया।





















