नजरिया न्यूज़ शिवहर। संजय गुप्ता। यूपी के उन्नाव जिले में बुधवार को आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर बस और टैंकर की टक्कर में शिवहर जिले के आठ लोगों सहित 18 लोगों की जान चली जाने के बावजूद भी क्षतिग्रस्त वाहनों को शिवहर से सीतामढ़ी, शिवहर से मोतिहारी, शिवहर से मुजफ्फरपुर ,शिवहर से बैरगनिया के बस वाले बेखबर होकर चला रहे हैं।
फ्रंट साइज के बस का पूरे ग्लास टूट जाने के बावजूद भी परिवहन करते देखा गया है। वह भी सरकारी बस है ,ड्राइवर नंदकिशोर ने बताया है कि हम क्या करें जो वहां मिलता है उसको हम लोग चलाते हैं। बताते चले कि बस तकरीबन 40 से 50 किलोमीटर की रफ्तार में शिवहर से गुजरती है।
सामाजिक कार्यकर्ता व संघर्षशील विचार मंच के जिला अध्यक्ष आदित्य कुमार, मुकुंद प्रकाश मिश्रा, विक्की गुप्ता ,रवि कुमार वर्मा ने बताया है कि बस के आगे का गिलास नहीं रहने के कारण ड्राइवर को परिचालन करने में कितना परेशानियों का सामना करना पड़ता होगा ,यह अनुमान लगाने की जरूरी है। सामने से धूल, कीड़ा -फंतिगा को अचानक टकराने से बड़ी या छोटी दुर्घटना से कोई रोक नहीं सकता।
यही हाल काई बसों का है ,उसके खिड़की का ग्लास टूट जाने के बावजूद भी परिवहन किया जा रहा है। लोगों ने बताया है कि ऐसे में दुर्घटना नहीं होगी तो क्या होगा।






















