नज़रिये की नज़र से (नज़ररिया न्यूज़) – विशेष रिपोर्ट।
- बेटियां ही सृष्टि की जननी हैं, वही आद्याशक्ति, दुर्गा और झांसी की रानी का स्वरूप हैं। नरपतगंज की इन्हीं प्रतिभाशाली बेटियों के सपनों को नए पंख देने और जिला स्तर पर उनकी खेल प्रतिभा को तराशने के लिए वर्किंग डिजिटल मीडिया प्रेस फाउंडेशन एक अनूठी पहल करने जा रहा है।
फुलकाहा/नरपतगंज/अररिया। संवाददाता रंजीत ठाकुर।
कहते हैं कि जब बेटियां कदम बढ़ाती हैं, तो पूरा समाज प्रगति की राह पर चल पड़ता है। सीमांचल के नरपतगंज क्षेत्र में बेटियों के हौसले और उनकी असीम प्रतिभा को एक नई पहचान देने के उद्देश्य से एक भव्य खेल आयोजन होने जा रहा है। Working Digital Media Press Foundation के बैनर तले 20 अगस्त 2026 को कंकुन देवी उच्च विद्यालय, फुलकाहा नवाबगंज (नरपतगंज) के प्रांगण में जिला स्तरीय बालिका 400 मीटर दौड़ प्रतियोगिता-2026 का आयोजन किया जा रहा है।
इस प्रतियोगिता का मुख्य ध्येय “कौन बनेगी अररिया चैंपियन 2026” के तहत जिले की बालिकाओं में छुपी खेल प्रतिभा को उभारना और उन्हें राज्य व राष्ट्रीय स्तर तक पहुँचने की प्रेरणा देना है।
*प्रशासनिक व सामाजिक सहभागिता का अनूठा उदाहरण*
यह आयोजन न केवल स्थानीय प्रतिभाओं को निखारने का अवसर है, बल्कि समाज और जिला प्रशासन के लिए भी यह संदेश है कि यदि बेटियों को सही मंच और मार्गदर्शन मिले, तो वे अररिया का नाम पूरे देश में रोशन कर सकती हैं। स्थानीय प्रबुद्धजनों और आयोजन समिति का मानना है कि प्रशासनिक अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति और प्रोत्साहन से इन बेटियों के सपनों को एक नया आधार मिलेगा। जब बेटियां मैदान में उतरेंगी, तो उनका हर एक कदम बिहार के स्वर्णिम भविष्य की नींव रखेगा।
*कार्यक्रम की मुख्य विशेषताएं:*
स्थान: कंकुन देवी उच्च विद्यालय (सरस्वती विद्या निकेतन – मॉडल स्कूल), फुलकाहा नवाबगंज, ब्लॉक- नरपतगंज, अररिया।
दिनांक व समय: 20 अगस्त 2026, प्रातः 7:00 बजे से।
मुख्य स्पर्धा: प्रथम स्तर पर 400 मीटर बालिका दौड़ एवं विजेताओं के बीच फाइनल मुकाबला।
आयोजक: वर्किंग डिजिटल मीडिया प्रेस फाउंडेशन (सहयोगी: डिजिटल प्रेस क्लब, यूथ पावर क्लब, न्यू महिला कल्याण समिति)।
*जन-जन से उपस्थिति की भावुक अपील*
आयोजन समिति ने नरपतगंज और संपूर्ण अररिया जिलावासियों से भावुक अपील की है कि वे 20 अगस्त की सुबह 7 बजे अधिक से अधिक संख्या में कंकुन देवी उच्च विद्यालय के प्रांगण में पहुँचकर मैदान में दौड़ रही बेटियों का तालियों की गड़गड़ाहट से उत्साहवर्धन करें।
बेटियों का यह कदम केवल दौड़ का हिस्सा नहीं है, बल्कि यह आत्मनिर्भर, सशक्त और शिक्षित समाज की ओर बढ़ता हुआ एक सशक्त कदम है। आइए, हम सब मिलकर इस ऐतिहासिक अवसर के साक्षी बनें और अपनी बेटियों के सपनों को उड़ान दें।
*”दौड़ेंगी बेटियां, बढ़ेगा बिहार, बनेगा भारत!”*
– विशेष रिपोर्ट, नज़ररिया न्यूज़
















