नजरिया न्यूज़, अररिया।
नीट की एक छात्रा के साथ हॉस्टल में हुई घटना के बाद अररिया शहर में संचालित गर्ल्स हॉस्टलों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जिला प्रशासन सतर्क हो गया है। छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अब शहर के सभी हॉस्टलों की नियमित जांच की जाएगी और संचालकों को निर्धारित नियमों का पालन अनिवार्य रूप से करना होगा। बिहार पुलिस मुख्यालय एवं गृह मंत्री सम्राट चौधरी के निर्देश पर पुलिस प्रशासन ने विशेष अभियान शुरू किया है।
एसपी जितेन्द्र कुमार के निर्देश पर सोमवार को अभया ब्रिगेड की प्रमुख सब इंस्पेक्टर सोनिया साहेनी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में संचालित गर्ल्स हॉस्टलों का औचक निरीक्षण किया। पुलिस टीम ने हॉस्टल संचालकों से सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी ली और उन्हें विभाग द्वारा तैयार नियमावली का फॉर्मेट उपलब्ध कराया।
पुलिस ने सभी संचालकों को निर्देश दिया है कि हॉस्टल का पूरा विवरण एक पंजी में दर्ज कर संबंधित थाने में संधारित करें। साथ ही छात्राओं और कर्मचारियों का पुलिस सत्यापन कराना अनिवार्य किया गया है। हॉस्टलों में सीसीटीवी कैमरे लगाने, पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था करने, मजबूत दरवाजे और सुरक्षित ताले लगाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा विजिटर रजिस्टर का नियमित रख-रखाव सुनिश्चित करने को कहा गया है।
सुरक्षा के मद्देनजर हॉस्टलों में पुरुषों के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने तथा छात्राओं और स्टाफ की रात्रिकालीन उपस्थिति दर्ज करने के लिए बायोमेट्रिक सिस्टम लगाने की सलाह दी गई है। हेल्पलाइन और आपातकालीन नंबर प्रदर्शित करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
इस दौरान आजाद नगर, ककुड़वाबस्ती, रहिका टोला, शिवपुरी समेत शहर के करीब 10 गर्ल्स हॉस्टलों का सत्यापन किया गया। नगर थाना क्षेत्र के ममता गर्ल्स हॉस्टल की जांच में व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गईं। पुलिस ने बताया कि छात्राओं की सुरक्षा को लेकर आगे भी जांच अभियान जारी रहेगा।























