मुजफ्फरपुर जिले में घातक बीमारी फाइलेरिया (हाथीपांव) के समूल नाश के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा सर्वजन दवा सेवन अभियान का शुभारंभ किया गया। जिला स्वास्थ्य समिति सभागार में आयोजित कार्यक्रम में सिविल सर्जन डॉ. अजय कुमार, भीबीडीसी पदाधिकारी डॉ. सुधीर कुमार, डीपीएम रेहान अशरफ तथा डब्ल्यूएचओ की रीजनल कोऑर्डिनेटर डॉ. माधुरी देवराजू ने स्वयं दवा का सेवन कर अभियान की शुरुआत की और लोगों को जागरूक किया।
सिविल सर्जन ने बताया कि इस अभियान के तहत स्वास्थ्य कर्मियों की टीमें घर-घर जाकर पात्र लोगों को अपनी निगरानी में नि:शुल्क दवा खिलाएंगी। इसमें एलबेंडाजोल, आईवरमेकटिन और डीईसी की गोलियां दी जा रही हैं, ताकि दवा का सही तरीके से सेवन सुनिश्चित हो सके।
डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि दवा खाली पेट नहीं लेनी चाहिए। साथ ही गर्भवती महिलाओं, गंभीर रूप से बीमार व्यक्तियों और दो वर्ष से कम उम्र के बच्चों को यह दवा नहीं दी जाएगी। अधिकारियों ने कहा कि यह दवा पूरी तरह सुरक्षित और बचाव के लिए आवश्यक है।
डीपीएम रेहान अशरफ ने कहा कि फाइलेरिया के लक्षण वर्षों बाद सामने आते हैं और इसका इलाज संभव नहीं है, लेकिन साल में एक बार दवा सेवन से इससे बचाव किया जा सकता है। प्रशासन ने लोगों से सहयोग की अपील की है ताकि मुजफ्फरपुर को हाथीपांव मुक्त बनाया जा सके।























