त्वरित टिप्पणी:सियार या लोमड़ी’ के काटने से मौत होने पर 4 लाख का मुआवज़ा पर सपा ने लगाया प्रश्नचिन्ह
इसकी भी वीडियोग्राफी होगी क्या कि किसे सियार ने काटा, किसे लोमड़ी ने: पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव
मीरा प्रवीण वत्स, विशेष संवाददाता नजरिया न्यूज25जून।
प्रयास लोगों को जानवरों के हमलों और उसने होनेवाली मौत से बचाने का होना चाहिए। स्थायी समाधान जानवरों के घर अर्थात जंगलों की अवैध कटाई रोकने से ही है। यह बात उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री सह सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अपने पोस्ट में कही है।वे लोमड़ी अथवा सियार के काटने पर हुई मौत से प्रभावित परिवारों को चार लाख रुपये देने की प्रदेश सरकार की घोषणा पर अपना विचार किया है।

उत्तर प्रदेश -सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव द्वारा अपनी टिप्पणी के साथ जारी तस्वीर की फाइल फोटो -नजरिया न्यूज
सपा सुप्रीमो श्री अखिलेश ने कहा:भाजपा शासित मप्र में घटित हुए करोड़ो के ‘सर्प-दंश मुआवज़ा घोटाले’ से प्रेरित होकर उप्र सरकार ने नयी योजना निकाली है कि ‘सियार या लोमड़ी’ के काटने से मौत होने पर 4 लाख का मुआवज़ा दिया जाएगा। अखिलेश यादव ने सवाल उठाया है कि इसकी भी वीडियोग्राफी होगी क्या कि किसे सियार ने काटा, किसे लोमड़ी ने काटा।
उन्होंने विचार व्यक्त किया:
प्रयास लोगों को जानवरों के हमलों और उसने होनेवाली मौत से बचाने का होना चाहिए। स्थायी समाधान जानवरों के घर अर्थात जंगलों की अवैध कटाई रोकने ही है।
उन्होंने आशंका जताई:
सियार-लोमड़ी भले ने काटे, भाजपाई उप्र के राजकोष की जेब ज़रूर काट लेंगे।






















