- योग हमारे शरीर, मन और आत्मा को एक साथ जोड़ने का एक तरीका है : न्यायधीश
समस्तीपुर/दलसिंहसराय
(राज कुमार सिंह)
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर अनुमंडलीय विधिक सेवा समिति की ओर से शनिवार को सिविल कोर्ट परिसर मे न्यायिक अधिकारी, न्यायालय कर्मी समेत अधिवक्ताओं ने योगाभ्यास किया। जागरूकता कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए अनुमंडल न्यायिक दंडाधिकारी सह अनुमंडलीय विधिक सेवा समिति के सचिव काजल सोनावाला ने कहा कि योग का अर्थ एकसाथ होना है। यह हमारे शरीर, मन और आत्मा को एक साथ जोड़ने का एक तरीका है। साथ ही जीवन जीने का एक तरीका है जो हमें शारीरिक और मानसिक दोनों रूप से स्वस्थ रहने में मदद करता है और हमें स्वस्थ और संतुलित जीवन जीना सिखाता है। योग हमें अपनी सांसें, विचारों और भावनाओं को नियंत्रित करना सिखाता है। इससे हम सभी परिस्थितियों में शांत रहना और अपना ध्यान केंद्रित करना सीखते हैं। योग निर्देशक ने सभी न्यायिक पदधिकारियों , अधिवक्ताओं, कर्मचारियों एवं अन्य लोगों को विभिन्न प्रकार का योग , आसन सिखाया । मुंसिफ स्पर्श अग्रवाल ने स्वस्थ्य निरोगी जीवन हेतु सभी न्यायिक पदाधिकारियों, अधिवक्ताओं, कर्मचारियों एवं आमलोगों को प्रतिदिन योग करने तथा योग को अपने दिनचर्या में शामिल करने की अपील किया तथा कार्यक्रम में योग के महत्व पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डाला ।कार्यक्रम में बिहार जन सेवा मंच, दलसिंहसराय की ओर से भरपूर सहयोग किया गया । मौके पर कार्यक्रम में अनुमंडल न्यायिक दंडाधिकारी काजल सोनावाला, मुंसिफ स्पर्श अग्रवाल , प्रशिक्षु न्यायिक पदाधिकारी अनुज कुमार, अधिवक्ता संघ के महासचिव राजीव रंजन सिन्हा , योग इंस्ट्रक्टर मौसम कुमारी, बिहार जन सेवा मंच से मृत्युंजय कुमार सिंह , रघुनाथ कुमार सिंह, अधिवक्तागण , सुखराम मोची, संतोष कुमार सिंह इत्यादि कर्मचारीगण श्रीराम सिंह, मक्केश्वर प्रसाद, रामविनोद महतो, विशालदीप प्रकाश, नंद किशोर, गंगेश झा, चंदन मिश्रा, जितेंद्र कुमार, सुधांशु कुमार, प्रकाश रंजन, मोहम्मद अली, पिंटू कुमार, चंद्रकेतु प्रसाद, विकास कुमार, विजय कुमार सिंह, हरीश कुमार, रामप्रवेश राय, संगीता झा , मुन्ना, चाँद आदि उपस्थित थे।
दूसरी ओर अनुमंडलीय अस्पताल दलसिंहसराय मे विश्व योग दिवस पर विधिक जागरूकता कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए पैनल अधिवक्ता नवीन कुमार सिंह ने कहा की योग हमें शारीरिक रूप से स्वस्थ, मानसिक रूप से सतर्क और आध्यात्मिक रूप से जागरूक रहने में मदद करता है। यह हमें स्ट्रेस, टेंशन और डिप्रेशन को कम करने में मदद करता है। आगे कहा की योग बच्चों के लिए भी फायदेमंद है। यह बच्चों की एकाग्रता, याददाश्त और स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद करता है। इसके साथ ही यह उनकी शारीरिक फिटनेस, मानसिक स्वास्थ्य और आध्यात्मिक जागरूकता को बेहतर बनाने में भी उनकी मदद करता है। उन्होंने उपस्थित लोगों को योगाभ्यास भी कराया । मौके पर पीएलवी सुभाष चंद्र पासवान, धर्मेंद्र कुमार, अस्पताल उपाधीक्षक रामचंद्र सिंह समेत सैकड़ो ए एन एम प्रशिक्षिका उपस्थित थे। उपकारा, दलसिंहसराय के परिसर में भी योग दिवस का आयोजन किया गया, उपकारा के पदाधिकारियों, कर्मियों एवं कैदियों ने योग किया । इस अवसर पर प्रतिदिन योग करने से होनेवाले फायदे से भी उपस्थित लोगों को जागरूक किया गया।
वंही दूसरी ओर प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के वीआईपी कॉलोनी स्थित सेवाकेन्द्र द्वारा विद्या कुंज कोचिंग सेंटर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किया गया।
बीके सोनिका बहन ने उपस्थित विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि विद्यार्थी राजयोगी जीवनशैली को अपनाकर अपने जीवन में मनचाही सफलता प्राप्त कर सकते हैं। पढ़ाई पढ़ने के अलावा जीवन में सफल होने के लिए नैतिक बल, मनोबल एवं दृढ़ निश्चय की भी आवश्यकता होती है जो आज कहीं न कहीं टूट रहा है। राजयोग इसे पूरा करने में एक मज़बूत कड़ी बनकर उभरता है। आज की टेक्नोलॉजी के युग में अध्ययन के साथ इसका नियमित अभ्यास सर्वांगीण सफलता सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक है।
मौक़े पर कोचिंग निदेशक विद्यासागर, विजय भाई, विनोद भाई, शिवजी भाई सहित विद्यार्थीगण मौजूद थे।






















