- ईडी के 25मामले में 19 पर नहीं हो रही कार्रवाई-सोशल मीडिया से जुड़े पत्रकार उठा रहे सवाल
- ईडी द्वारा दर्ज मामले में नियमित जमानत के बाद हेमंत सोरेन बतौर मुख्यमंत्री पीएम मोदी से मुलाकात किए
- राउज एवेन्यू कोर्ट में चल रहा नौकरी और भूमि अदला-बदली का वादा
- आईएएस अफसर देवी शरण उपाध्याय को यूपी सरकार ने किया सस्पेंड-पट्टों के आवंटन में अनियमितता सामने आने पर हुई कार्रवाई…
- प्रयागराज जिले में गांव की सरकारी जमीन पर बड़ा खेल-8 गांवों के 1800 बीघे सरकारी जमीन कर दी नाम-तत्कालीन एसडीएम से लेकर लेखपाल कठघरे में
दुर्केश सिंह, अनिल उपाध्याय, अरुणा सिंह, वीरेंद्र चौहान, अमित सिंह जितेन्द्र, नजरिया न्यूज टीम, 16जुलाई।
तथाकथित समाजसेवा अपने स्वरूप पर क्या सोचे।कह रहीम कैसे निभे बेरकेर संग, वह डोलत रस आपने ताको फआटत अंग। रहीम जी का यह दोहा जब रहीम जी ने लिखा होगा, तब भी आज जैसा ही समाज रहा होगा।
*आज की खबर:*
राउज एवेन्यू कोर्ट में जमीन और बदले में तथाकथित नौकरी देने के मामले पर सुनवाई हुई। लालू और सरकारी कर्मियों पर यह मामला चल रहा है।
रेलवे में नौकरी के बदले जमीन और फ्लैट रजिस्ट्री कराने के मामले में तत्कालीन रेलमंत्री लालू प्रसाद और उनके कर्मचारियों के खिलाफ मामला चलाया जा रहा है।
दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट में सोमवार को इस मामले की सुनवाई हुई। कोर्ट ने सक्षम पदाधिकारी को लालू और अन्य सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ मंजूरी के सवाल पर दो हफ्ते में फैसला लेने को कहा है।
दरअसल, सीबीआई की ओर से दायर निर्णायक आरोप पत्र कंसिडरेशन के स्टेज में है। पिछली सुनवाई में कोर्ट ने कुछ अन्य दस्तावेजों को जमा करने का निर्देश दिया था। कोर्ट ने 15 जुलाई का दिन तय किया था। इस मामले में न सिर्फ लालू प्रसाद और उनके परिवार के लोगों पर आरोप है बल्कि सरकारी कर्मचारियों पर भी गंभीर आरोप हैं, उनके खिलाफ भी केस चलाना है।
ऐसे में सरकारी कर्मियों के खिलाफ केस चलाने के लिए उनके विभाग से मंजूरी जरूरी है। इसके लिए कोर्ट ने दो सप्ताह की मोहलत दी है। राउज एवेन्यू कोर्ट में सोमवार को इस मामले की सुनवाई करते हुए सक्षम पदाधिकारी को लालू और अन्य सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ केस चलाने की मंजूरी के सवाल पर दो हफ्ते में फैसला लेने को कहा है।
इस मामले पर 31 जुलाई को अगली सुनवाई होगी।
इस मामले में ED और CBI दोनों जांच एजेंसियों की भूमिका में हैं। दोनों केंद्र सरकार के अधीन हैं। भाजपा की सरकार केंद्र की सत्ता में है। राजद और भाजपा में छत्तीस का रिश्ता है।
माना जा रहा है कि इस मामले में लालू परिवार के साथ साथ घोटाले में संलिप्त सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों की मुश्किलें भी बढ़ने वाली हैं। ED ने इस मामले में तेजस्वी करीबी अमित कात्याल और लालू के ओएसडी रहे भोला यादव को गिरफ्तार कर चुकी है। इस मामले में भोला यादव और अमित कात्याल के अलावा लालू यादव, तेजस्वी, राबड़ी मीसा सभी जमानत पर हैं। केस की सुनवाई दिल्ली की राऊज एवेन्यू कोर्ट में चल रही है।
*आईएएस अफसर देवी शरण उपाध्याय सस्पेंड:*
*पट्टों के आवंटन में अनियमितता सामने आने पर हुई कार्रवाई…*
आईएएस अधिकारी देवीशरण उपाध्याय को जुलाई 2022 में सदस्य न्यायिक राजस्व परिषद प्रयागराज में तैनाती दी गई थी।
उन पर अलीगढ़ में 35 भूखंडों के पट्टों को मनमाने तरीके से बहाल करने का आरोप है।
इन्हें पद से हटाते हुए प्रतीक्षारत कर दिया गया था।
देवीशरण उपाध्याय वर्ष 2012 बैच के आईएएस अधिकारी हैं।
मुख्यमंत्री की भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत निलंबन की कार्रवाई की गई है।निलंबन अवधि में वह राजस्व परिषद से संबंध रहेंगे।
*फिर से मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार प्रधानमंत्री मोदी से मिले हेमंत सोरेन:*
ईडी के कथित आरोप में जेल से नियमित जमानत पर निकलने और झारखंड का फिर सीएम बनने के बाद हेमंत सोरेन ने पहली बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से आज मुलाकात की।
सीएम हेमंत सोरेन सोमवार को पीएमओ पहुंचे और वहां प्रधानमंत्री से मुलाकात की। प्रधानमंत्री कार्यालय ने दोनों नेताओं की मुलाकात की तस्वीर साझा करते हुए इसकी जानकारी दी है।
दरअसल, झारखंड में हुए कथित लैंड स्कैम मामले में मनी लॉन्ड्रिंग केस में ईडी ने हेमंत सोरेन को गिरफ्तार कर लिया था। करीब पांच महीना रांची के होटवार जेल में रहने के बाद आखिरकार हाईकोर्ट ने 28 जून को हेमंत सोरेन को नियमित जमानत दे दी थी। इतना ही नहीं न्यायालय की कसौटी पर ईडी का कथित आरोप खरा नहीं उतरा था।
फिलहाल जेल से रिहा होने के बाद हेमंत सोरेन ने फिर से सत्ता की कमान अपने हाथों में लिया और एक बार फिर झारखंड के मुख्यमंत्री हैं।
फिर से सत्ता की बागडोर संभालने के बाद हेमंत सोरेन सियासत में पूरी तरह से एक्टिव हो गए हैं और लगातार लोगों से मुलाकात कर रहे हैं।
इसी कड़ी में 15 जुलाई को वह पीएमओ पहुंचे और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की।
पीएमओ ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर इस मुलाकात की तस्वीरें साझा की है और हेमंत सोरेन की पीएम मोदी से मुलाकात का जानकारी दी है।
कहा जा रहा है कि पीएम मोदी और हेमंत सोरेन के बीच झारखंड के विकास को लेकर चर्चा हुई है। इस बात की उम्मीद जताई जा रही है कि सीएम हेमंत ने पीएम मोदी से झारखंड के लिए फंड या प्रोजेक्ट की मांग की होगी। आगामी बजट में झारखंड पर ध्यान देने की अपील पीएम मोदी से की होगी। बता दें कि इसी साल के अंत में झारखंड में विधानसभा का चुनाव होना है। ऐसे में चुनाव से पहले पीएम मोदी से हेमंत सोरेन की यह मुलाकात काफी अहम मानी जा रही है।
*प्रयागराज में गांव की सरकारी जमीन पर बड़ा खेल:
- 8 गांवों के 1800 बीघे सरकारी जमीन कर दी नाम
- जमीन को भू माफिया,बिल्डरों के नाम कर दी गई
- लगभग 900 करोड़ रुपए की कीमती जमीन नाम की
- सभी जमीन के 60 ऑर्डर भू माफिया के पक्ष में
- एक ही दिन में 52 ऑर्डर तत्कालीन तहसीलदार ने किया
- मामले में डीएम की अध्यक्षता में जांच टीम बनाई है
- शिकायत में तत्कालीन SDM,तहसीलदार पर आरोप
- पेशकार,राजस्व निरीक्षक और लेखपाल पर भी आरोप
- *फूलपुर के झूंसी के 8 गांवों के सरकारी जमीन का है मामला.























