- साइबर थाना अररिया की पुलिस ने फिंगर प्रिंट क्लोन के जरिए बैंक खातों से अवैध निकासी करने वाले संगठित साइबर ठग गिरोह का खुलासा करते हुए एक अभियुक्त को रंगे हाथ गिरफ्तार किया, जबकि चार आरोपी फरार हो गए।
- पुलिस ने मौके से 120 फिंगर प्रिंट क्लोन, चार मोबाइल फोन और एक लैपटॉप बरामद कर बीएनएस व आईटी एक्ट की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की है, साथ ही फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
नजरिया न्यूज़, अररिया। विकाश प्रकाश।
साइबर थाना अररिया की पुलिस ने फिंगर प्रिंट क्लोन के जरिए बैंक खातों से अवैध निकासी करने वाले एक संगठित साइबर ठग गिरोह का खुलासा किया है। इस संबंध में साइबर थाना परिसर में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पुलिस अधिकारियों ने पूरे मामले की जानकारी दी। कार्रवाई के दौरान एक अभियुक्त को रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया, जबकि उसके चार साथी मौके से फरार हो गए।
पुलिस के अनुसार, दिनांक 31 दिसंबर 2025 को दिवा गश्ती के दौरान दोपहर करीब 12 बजकर 46 मिनट पर गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि महलगांव थाना क्षेत्र में कुछ लोग फिंगर प्रिंट क्लोन बनाकर साइबर ठगी कर रहे हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए वरीय पदाधिकारियों को अवगत कराया गया। उनके निर्देश पर पु०अ०नि० राजू कुमार सिंह के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया।
सत्यापन के क्रम में जब पुलिस टीम हसनैन पिता अबु साले के घर पहुंची तो देखा कि जमीन पर बिछावन पर बैठकर पांच युवक मोबाइल और लैपटॉप के माध्यम से संदिग्ध गतिविधियों में संलिप्त हैं। सभी के हाथों में फिंगर प्रिंट क्लोन मौजूद था। पुलिस को देखते ही सभी आरोपी उपकरण छोड़कर भागने लगे। काफी दूर तक पीछा करने के बाद एक अभियुक्त मो० मुख्तार, उम्र 35 वर्ष, पिता मो० ग्यास, निवासी उदा जनता हाट, वार्ड संख्या-07, थाना महलगांव को मौके पर ही पकड़ लिया गया, जबकि चार आरोपी फरार हो गए।
गिरफ्तार अभियुक्त की निशानदेही पर पुलिस ने बताया कि फरार आरोपियों में इजराईल, हसनैन, तबरेज और आदिल शामिल हैं, जो सभी महलगांव थाना क्षेत्र के निवासी हैं। पूछताछ में अभियुक्त ने स्वीकार किया कि वे लोग विभिन्न राज्यों के लोगों के दस्तावेजों पर उपलब्ध अंगूठे के निशान से फिंगर प्रिंट क्लोन बनाकर बैंक खातों से अवैध निकासी करते थे। गिरोह के अन्य सदस्य भी मोबाइल और लैपटॉप के माध्यम से जरूरी दस्तावेज उपलब्ध कराते थे।
पुलिस ने मौके से 120 पीस फिंगर प्रिंट क्लोन, चार मोबाइल फोन और एक लैपटॉप बरामद किया है। इस मामले में साइबर थाना कांड संख्या 40/25 दिनांक 31.12.25 के तहत बीएनएस एवं आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है। गिरफ्तार अभियुक्त को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है, जबकि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने आम लोगों से साइबर ठगी के प्रति सतर्क रहने की अपील की है।























