= मंहगाई, खाद, बीज का दाम और पेंशन की कम राशि ढा रही सितम
=कन्या समृद्धि योजना उच्च और व्यवसायिक शिक्षा की राह को बना रही सुगम
बीरेंद्र पांडेय/वीरेंद्र चौहान, नजरिया न्यूज, किशनगंज, 23अप्रैल।
महिला संवाद कार्यक्रम में मजकुरी पंचायत, कोचाधामन प्रखंड की पायल कुमारी ने बताया कि सरकार की योजनाओं का लाभ लेकर उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही हूं । उन्होंने बताया:
“जब मैं स्कूल में पढ़ती थी, तब मुझे पोशाक, साइकिल, छात्रवृत्ति मिली।”
उन्होंने यह भी बताया:”मुख्यमंत्री कन्या उथान योजना के तहत बारहवीं पास करने पर 25 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि, सरकार से प्राप्त हुई। स्नातक की पढ़ाई कर रही हूं। अफसर बनना चाहती हूं।”

किशनगंज, बिहार – सरकारी योजनाओं की सहायता से गरीब छात्राएं प्राप्त कर रहीं उच्च शिक्षा
=स्कूल में पढ़ते समय पोशाक, साइकिल, छात्रवृत्ति मिली
=मुख्यमंत्री कन्या योजना से 12वीं करने पर मिला 25 हजार रुपये
= स्नातक की पढ़ाई करने वाली छात्राएं बनना चाहती है अफसर
मजकुरी पंचायत की कविता देवी और बेबी देवी ने बताया:
” सरकार की योजना का लाभ लेकर, घर में शौचालय का निर्माण करवायी हूं। शौच के लिए, रात का इंतज़ार नहीं करना पड़ता ।घर में शौचालय निर्माण से सम्मान और सुरक्षा दोनों मिल रही है।”
संवाद में भाग लेते हुए वृद्ध महिलाओं ने कहा:
“बढ़ती मंगाई को देखते हुए, पेंशन राशि में वृद्धि होनी चाहिए। खाद – बीज की कीमत अधिक है।
कृषि सुविधाएं ससमय उपलब्ध कराने का सुझाव देते हुए कृषि लागत में वृद्धि,बेरोजगारी पर भी महिलाओं ने सरकार से बेहतर कार्य नीति बनाने की आकांक्षा व्यक्त की।”
. महिला संवाद कार्यक्रम में जागरूकता रथ के माध्यम से सरकार की योजनाओं की जानकरी वीडियो से दी जा रही है
24 अप्रैल को टेढ़ागाछ प्रखंड के चिलहनिया पंचायत की महिलाओं ने रतुआ नदी में कटाव और क्षति की जानकारी दी। ए. एन. एम. की पढ़ाई करने वाली सुषमा कुमारी ( चिलहनिया पंचायत ) ने बताया:
” स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड से उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही हूं। गुरुवार को टेढ़ागाछ प्रखंड के चिलहनिया एवं बैगना पंचायत के सूरज और उर्मिला ग्राम संगठन में महिला संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। किशनगंज जिला के सातों प्रखंड में चरणबद्ध तरीके से महिला संवाद कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।
महीनगाँव पंचायत, सदर प्रखंड की मिरातुल खातुन ने बताया कि वे आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से वे आती हैं।घर में पढ़ाई के लिए समुचित संसाधन और माहौल नहीं था। वे पढ़ना चाहती थीं।सरकारी विद्यालय में मध्याह्न भोजन योजना से भोजन, पोशाक, साइकिल, छात्रवृति का लाभ लेकर अपनी पढ़ाई पूरी कर पाई। मुख्यमंत्री कन्या उथान योजना से दसवीं पास करने पर 10 हजार, बारहवीं करने पर 25 हजार रुपये प्राप्त हुए। इस वर्ष उन्होंने स्नातक किया ।उन्हें इस योजना के तहत 50 हजार रुपये मिलने वाला है।





















