नजरिया सम्वाददाता बारसोई कटिहार।
रविवार आधी रात को प्रखंड के खुराधार गांव में सांप काटने से एक ही परिवार के दो बच्ची की मौत हो गई है। वहीं दो मौत के चलते घर में कोहराम मचा हुआ है। अन्दर से जोर जोर से रुदन क्रंदन की आवाजें आ रही है। बता दें कि मृतिक अफसाना खातून ( 9), वर्ग तृतीय में पढ़ती थी जबकि उसकी बहन आफिया खातून (6) , वर्ग प्रथम की छात्रा थी। गांव के शिक्षक बताते हैं कि दोनों ही बच्ची पढ़ने में तेज थी। वहीं रविवार की रात को खाना खिला कर दोनों बहन को उसके माता पिता ने चौकी पर लगे बिस्तर पर मच्छर दानी के अंदर सुला दिया। अचानक छोटी बच्ची आफिया खातून चिल्लाने लगी कि मेरे हाथ में कुछ काट लिया है। बहुत जलन हो रही है। पिता आलमगीर आनन फानन में बच्ची को गांव के ग्रामीण चिकित्सक के पास ले गए। वहीं दाएं हाथ की उंगली सूजी हुई पाकर चिकित्सक ने तुरंत बच्ची को
अस्पताल ले जाने को कहा। परन्तु अस्पताल पहुंचते ही आफिया ने दम तोड़ दिया। वहीं घर पहूँचते ही थोड़ी देर में दूसरी बेटी भी चिल्लाने लगी पिता आलमगीर तुरंत उसे भी अनुमंडलीय अस्पताल ले आए जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टर ने उसे कटिहार रेफर कर दिया था। वहीं एंबुलेंस से कटिहार जाने के क्रम में सालमारी के पास अफसाना खातून ने भी दमतोड़ दिया। वहीं दोनों बेटियों को खो देने के बाद बाप के सब्र का बांध टूट गया और वह फूट-फूट कर रोने लगा। वहीं दूसरी बेटी की मृत्यु की सूचना पाते ही परिवार में हाहाकार मच गया। वहीं पिता आलमगीर ने रोते हुए बताया की दोनों बेटी को नहीं बचा पाए। रात में दोनों बेटी को खाना खिलाकर सुलाया था लगभग साढ़े 12 बजे रात में छोटी बेटी आफिया खातून अचानक चिल्लाने लगी तुरंत उसे अस्पताल लाया गया जहां उसने अंतिम सांस ली। वहीं घर पहुंचते ही दूसरी बेटी भी उसी तरह चिल्लाने लगी। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया जहां चिकित्सक द्वारा प्राथमिक उपचार के बाद उसे रेफर कर दिया गया परन्तु सालमारी के पास पहुंचते ही दूसरी बेटी भी हमलोगों को छोड़कर चली गई। वहीं घटना की सूचना मिलते ही अनुमंडल पदाधिकारी दीक्षित श्वेताम ने तुरंत संज्ञान लेते हुए अंचल पदाधिकारी को घटनास्थल पहूँचने को कहा।
वहीं इस संबंध में अनुमंडलीय अस्पताल के चिकित्सक करमचंद उरांव ने जानकारी देते हुए बताया कि आफिया खातून के इलाज के लिए जैसे ही तैयारी की जा रही थी तभी उसने दम तोड़ दिया। एक घंटे बाद वही आदमी अपनी दूसरी बेटी अफसाना को अस्पताल ले आया यहां उसका प्राथमिक उपचार तो किया गया। परन्तु स्थिति को नाजुक देखते हुए उसे रेफर कर दिया गया। श्री उरांव ने कहा की यह अब तक स्पष्ट नहीं हो पाया कि सांप ने काटा है या अन्य किसी जीव ने, वहीं इस संबंध में अंचल पदाधिकारी श्याम सुंदर साह ने कहा कि हल्का कर्मचारी घटनास्थल पहुंच कर जांच रिपोर्ट प्रस्तुत किया है। परिजन बच्चों का पोस्टमार्टम नहीं करना चाहते हैं ऐसे में मुआवजा की राशि मिलने में संशय है।
वहीं सोमवार को दोनों बच्चे की अंतिम दर्शन के लिए ग्रामीणों का तांता लगा रहा।























