सिकटी/अररिया:- प्रखंड क्षेत्र में मौसम विभाग द्वारा जारी पूर्वानुमान के बाद हुए मौसम परिवर्तन से हुई बारिश ने किसानों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। बीते दो दिनों से हो रही रुक-रुककर बारिश ने पके हुए धान की फसल को भारी नुकसान पहुँचाया है। खेतों में कटाई के लिए तैयार धान गिर गया है, वहीं कई जगहों पर खेतों में पानी जमा हो गया है। किसानों का कहना है कि कटी हुई फसल पानी में डूब जाने से सड़ने का खतरा बढ़ गया है, जिससे उन्हें भारी आर्थिक क्षति झेलनी पड़ सकती है। बारिश से न केवल धान, बल्कि आलू की बुवाई पर भी असर पड़ा है। खेतों में जलभराव के कारण बीज बोना मुश्किल हो गया है। इसके अलावा टमाटर, फूलगोभी, मटर और बैंगन जैसी सब्जियों की फसलें भी पानी में डूब गई हैं,
जिससे गलन की समस्या बढ़ गई है। किसानों सुर्यानंद मंडल, बटेश मंडल, सियाराम मंडल, अनिल झा, राजकुमार झा ने बताया कि धान की फसल अच्छी स्थिति में थी और उपज भी बढ़िया होने की उम्मीद थी, लेकिन अचानक हुई बारिश ने सब बर्बाद कर दिया। उन्होंने बताया कि अगली फसल की तैयारी के लिए मक्के की खेती हेतु जुताई भी कर दी गई थी, जिसमें अब पानी भर गया है। अब खेतों को सूखने में काफी समय लग जाएगा। किसानों ने सरकार से फसल क्षति का सर्वे कराकर उचित मुआवजा देने की मांग की है।
अररिया में युवती की संदिग्ध आत्महत्या, प्रेम प्रसंग की आशंका से सनसनी
नजरिया न्यूज़, अररिया। अररिया शहर के पानी टंकी रोड स्थित जयप्रकाश नगर में एक युवती द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या करने...





















