नजरिया न्यूज़, अररिया।
अररिया जिले के रजोखर ईदगाह मैदान में सोमवार को जनसुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने एक विशाल सभा को संबोधित किया। सभा में हजारों की संख्या में लोगों की भीड़ उमड़ी। प्रशांत किशोर ने अपने संबोधन में बीजेपी, जेडीयू और आरजेडी पर जमकर हमला बोला और मौजूदा राजनीति पर तीखे सवाल खड़े किए।
किशोर ने कहा कि अब वक्त आ गया है जब जनता नेताओं की चिंता छोड़कर अपने बच्चों के भविष्य की चिंता करे। उन्होंने दावा किया कि आने वाले विधानसभा चुनाव में बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि लालू प्रसाद यादव, नरेंद्र मोदी और नीतीश कुमार की राजनीतिक पकड़ अब ढीली पड़ रही है और राज्य से इनकी विदाई तय है।
अपने भाषण में प्रशांत किशोर ने सत्ता पर काबिज दलों पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि दशकों से बिहार की जनता को केवल वादों के जाल में फंसाया गया, जबकि शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसे मूलभूत मुद्दे आज भी अधूरे हैं। बार-बार नेताओं पर भरोसा करने के बावजूद जनता को बदले में केवल निराशा ही हाथ लगी और बिहार पिछड़ेपन व बेरोजगारी से बाहर नहीं निकल पाया।
सभा में मौजूद लोगों को आश्वस्त करते हुए किशोर ने कहा कि जनसुराज आंदोलन बिहार में नई व्यवस्था की नींव रखेगा। उन्होंने वादा किया कि अगर जनता साथ दे तो बिहार को एक नई दिशा मिलेगी, जहां युवाओं को बेहतर शिक्षा और रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे।
रजोखर ईदगाह मैदान में जब किशोर ने अपनी बात रखी तो लगातार तालियों की गड़गड़ाहट गूंजती रही। लोग उन्हें सुनने के लिए उत्साहित और उत्सुक नजर आए। सभा के दौरान माहौल पूरी तरह चुनावी रंग में डूबा दिखाई दिया।
अररिया में हुई इस सभा ने न केवल लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा बल्कि जिले और आसपास के राजनीतिक माहौल को और अधिक गरमा दिया है। अब देखना यह होगा कि प्रशांत किशोर का जनसुराज आंदोलन आगामी चुनाव में कितना असर दिखा पाता है और जनता उनके वादों को किस तरह स्वीकार करती है।





















