आधुनिक गर्भनिरोधक सेवा किशनगंज में शुरू
विश्व जनसंख्या दिवस पर स्वास्थ्य विभाग ने दी परिवारों को समृद्धि का साधन,
बीरेंद्र पांडेय, शिक्षा संवाददाता किशनगंज 11 जुलाई।
जनसंख्या में गुणात्मक वृद्धि परिवारों की समृद्धि में बड़ी बांधा है। वहीं जनसंख्या स्थिरता समृद्धि और मातृ स्वास्थ्य में गुणात्मक वृद्धि को संबल प्रदान करता है। इस दिशा में सरकार द्वारा कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। इसी कड़ी में 11 जुलाई को विश्व जनसंख्या स्थिरता दिवस पर किशनगंज सदर अस्पताल में एक नवीन गर्भनिरोधक साधन – एमपीए सब-कुटेनियस इंजेक्शन की शुरुआत की गई। यह इंजेक्शन महिलाओं को तीन महीने तक गर्भधारण से सुरक्षित रखता है और यह सेवा अब जिले की महिलाओं के लिए सुलभ हो गई है।कार्यक्रम का उद्घाटन सिविल सर्जन डॉ. राज कुमार चौधरी ने फीता काटकर किया। मौके पर डॉ. सपना द्वारा एक लाभार्थी महिला को एमपीए सब- कुटेनियस इंजेक्शन दिया गया और उसे इस इंजेक्शन के लाभ भी विस्तार से बताए गए।यह साधन इस बात का भी संकेत है कि किशनगंज अब आधुनिक परिवार नियोजन साधनों को अपनाने के लिए तैयार है।कार्यक्रम में डॉ. अनवर हुसैन, उपाधीक्षक, सदर अस्पताल, डॉ. देवेंद्र कुमार, जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी,डॉ. उर्मिला कुमारी, गैर संचारी रोग पदाधिकारी,विश्वजीत कुमार, जिला योजना समन्वयक,श्रीनाथ, प्रतिनिधि, PSI इंडिया,पिरामल स्वास्थ्य टीम,सिफार संस्था के जिला समन्वयक एवं सदर अस्पताल के स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित रहे।
सरल, सुरक्षित और लंबे समय तक असरदार विकल्प:
उद्घाटन समारोह में सिविल सर्जन डॉ राज कुमार चौधरी ने बताया कि एमपीए सब-कुटेनियस इंजेक्शन महिलाओं के लिए एक दीर्घकालिक अस्थायी गर्भनिरोधक साधन है। इसे त्वचा और मांसपेशियों के बीच लगाया जाता है, जिससे दर्द कम होता है।इसमें पहले से लोडेड दवा होती है, जिससे इसे देना आसान होता है। सबसे बड़ी बात, यह हर तीन महीने में सिर्फ एक बार लेना होता है, और इसका कोई गंभीर दुष्प्रभाव नहीं है।
महिलाएं लें अपने स्वास्थ्य और भविष्य का निर्णय खुद
गैर संचारी रोग पदाधिकारी डॉ उर्मिला कुमारी ने बताया कि यह सुविधा उन महिलाओं के लिए अत्यंत उपयोगी है जो परिवार नियोजन चाहती हैं, लेकिन स्थायी साधनों के लिए मानसिक रूप से तैयार नहीं हैं।अब वे हर तीन महीने पर यह इंजेक्शन लेकर गर्भधारण से बचाव सकती हैं, और जब चाहें गर्भधारण कर सकती हैं। यह उन्हें समय, निर्णय और स्वास्थ्य पर अधिकार देता है।
प्रशिक्षित चिकित्सकों द्वारा ही दी जाएगी सेवा
सिविल सर्जन ने बताया कि सदर अस्पताल सहित चयनित स्वास्थ्य केंद्रों पर इस सेवा को विशेष प्रशिक्षण प्राप्त चिकित्सकों द्वारा ही उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए पहले ही जिले के चिकित्सकों को विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षित किया जा चुका है, ताकि सेवा की गुणवत्ता सुनिश्चित की जा सके।

कार्यक्रम में डॉ. अनवर हुसैन, उपाधीक्षक, सदर अस्पताल, डॉ. देवेंद्र कुमार, जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी,डॉ. उर्मिला कुमारी, गैर संचारी रोग पदाधिकारी,विश्वजीत कुमार, जिला योजना समन्वयक,श्रीनाथ, प्रतिनिधि, PSI इंडियाआदि-नजरिया न्यूज
इस सेवा को अपनाने वाली महिलाओं को ₹100रुपये तथा उन्हें प्रेरित करने वाली आशा कार्यकर्ताओं को भी ₹100 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। इससे न केवल लाभार्थियों को सहयोग मिलेगा, बल्कि जमीनी स्तर पर इस सेवा के प्रति जागरूकता भी बढ़ेगी।उन्होंने इस सुविधा को किशनगंज के स्वास्थ्य मानकों के लिए “एक बड़ा और साहसिक कदम” बताया।
यह सिर्फ इंजेक्शन नहीं, महिलाओं को दिया गया विकल्प का अधिकार है
सिविल सर्जन डॉ. राज कुमार चौधरी ने उद्घाटन करते हुए कहा कि आज से किशनगंज की महिलाएं एक ऐसा साधन चुन सकेंगी जो सुरक्षित, असरदार और आत्मनिर्भरता को बढ़ाने वाला है। यह सेवा केवल संख्या नियंत्रण नहीं, बल्कि महिलाओं के स्वास्थ्य और अधिकार का भी सम्मान है।
हर पात्र महिला तक पहुंचे यह सुविधा
सदर अस्पताल उपाधीक्षक डॉ अनवर हुसैन ने बताया कि “यह इंजेक्शन पारंपरिक साधनों की तुलना में आसान और कम जटिल है। हमारी जिम्मेदारी है कि हम इसकी जानकारी अधिक से अधिक महिलाओं तक पहुंचाएं।”सेवा निःशुल्क है। कोई विशेष दस्तावेज़ की आवश्यकता नहीं। आशा कार्यकर्ता से संपर्क कर अधिक जानकारी लें।
एक नई शुरुआत, जो महिलाओं को दे स्वाभिमान से जीने की स्वतंत्रता
जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ देवेंद्र कुमार ने एमपीए सब-कुटेनियस इंजेक्शन सिर्फ एक स्वास्थ्य सेवा नहीं, बल्कि नारी गरिमा, स्वास्थ्य अधिकार और निर्णय की स्वतंत्रता की दिशा में एक सशक्त पहल है।इसका उद्देश्य केवल जनसंख्या नियंत्रण नहीं, बल्कि एक ऐसा समाज बनाना है जहाँ महिलाएं अपने स्वास्थ्य और परिवार के भविष्य को लेकर स्वतंत्र निर्णय ले सकें।























