- परिजन चिंतित, थाना अध्यक्ष की चुप्पी पर उठे सवाल
नजरिया न्यूज़, अररिया। बयूरो रिपोर्ट।
अररिया नगर थाना क्षेत्र के ओमनगर वार्ड संख्या-08 निवासी शंकर साह की नाबालिग पुत्री के कथित अपहरण के मामले में पुलिस की निष्क्रियता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पीड़ित पिता ने थाना में आवेदन देकर आरोप लगाया है कि उनकी बेटी का अपहरण हुए आठ दिन बीत चुके हैं, लेकिन नगर थाना अध्यक्ष द्वारा अब तक प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई है।
पीड़ित पिता ने बताया कि उनकी पुत्री (उम्र लगभग 17 वर्ष) दिनांक 27 जून 2025 को दोपहर 3 बजे अपने घर से कोशी कॉलोनी स्थित एक कंप्यूटर कोचिंग सेंटर के लिए निकली थी। लेकिन वह वहां नहीं पहुंची। बाद में जानकारी मिली कि ओमनगर निवासी एक लड़का जिसकी उम्र 21 वर्ष बताया जा रहा है जो पप्पू राम के मकान में किराए पर रहता है, ने अपने दोस्त जो वह भी ओम नगर में ही रहता है जिसकी (उम्र 22 वर्ष), है। दोनों लड़का मिलकर मेरी पुत्री का अपहरण कर लिया है।
पीड़ित पिता ने अपने स्तर से काफी खोजबीन की, लेकिन जब बेटी का कोई सुराग नहीं मिला, तो वे उसी दिन यानी 27 जून को नगर थाना पहुंचे और घटना की सूचना देते हुए लिखित आवेदन दिया। लेकिन आठ दिन बीतने के बाद भी पुलिस ने न तो प्राथमिकी दर्ज की और न ही कोई जांच शुरू की है।
शंकर साह ने आशंका जताई है कि दोनों युवकों द्वारा उनकी बेटी के साथ कोई अप्रिय घटना घट सकती है। उन्होंने कहा कि अगर समय रहते पुलिस कार्रवाई नहीं करती है, तो किसी अनहोनी की पूरी संभावना है। कुछ बिचौलियों के द्वारा 8 दिन पूर्व दिए गए आवेदन पर प्राथमिकी अब तक दर्ज नहीं किया गया यह भी एक बहुत बड़ा सवाल है।
अब सवाल यह उठता है कि क्या थाना अध्यक्ष किसी बड़े हादसे के इंतजार में हैं? क्या एक पिता की गुहार और एक लड़की की सुरक्षा का कोई मूल्य नहीं? पीड़ित परिवार ने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक से मामले में हस्तक्षेप की मांग की है ताकि जल्द से जल्द बच्ची का पता लगाकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो सके।




















