वीरेंद्र चौहान, नजरिया न्यूज ब्योरो, किशनगंज,19मार्च।
राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत बच्चों के जन्मजात रोगों के इलाज के लिए अभियान जिला प्रशासन चला रहा है। आज 9 मरीजों को सदर अस्पताल किशनगंज से जेएलएनएमसीएच भागलपुर भेजा गया, जहां वे कल ईएनटी कैंप में विशेषज्ञ डॉक्टरों से इलाज प्राप्त करेंगे। ये सभी बच्चे जन्मजात बहरापन (Congenital Deafness), क्लबफुट (Clubfoot) और क्लीफ्ट लिप (Cleft Lip) जैसी गंभीर समस्याओं से पीड़ित हैं, जिनका सही समय पर इलाज बेहद जरूरी है।
समय पर इलाज से मिलेगा बच्चों को सामान्य जीवन
इस विशेष पहल के तहत जिन बच्चों को भेजा गया है, उनके नाम और स्वास्थ्य समस्याएं इस प्रकार हैं:
▶ जन्मजात बहरापन (Congenital Deafness):
रुहेन (5 वर्ष), इमाद रहमान (11 माह), महिर रजा (4 वर्ष) – प्रखंड:पोठिया , क्लबफुट (Clubfoot)-शम्मा (4 वर्ष)प्रखंड: पोठिया, अदीब सैफ (2 माह), सिफत परवीन (5 वर्ष) – प्रखंड: कोचाधामन, रोहन पोद्दार (12 वर्ष) – प्रखंड: किशनगंज , जोही नाज (2.5 वर्ष) – प्रखंड: दिघलबैंक, ▶ क्लीफ्ट लिप (Cleft Lip)-. असिघा (2 माह) – प्रखंड: ठाकुरगंज
जन्मजात बीमारियों का इलाज अब संभव और निःशुल्क!
राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के तहत 18 साल तक के बच्चों का इलाज पूरी तरह निःशुल्क किया जाता है। जन्मजात बीमारियों का यदि समय पर इलाज न हो, तो यह जीवनभर की परेशानी बन सकती हैं। खासकर बहरापन, क्लबफुट और क्लीफ्ट लिप जैसी समस्याएं बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास को प्रभावित करती हैं।
बच्चों का स्वास्थ्य ही उनके उज्ज्वल भविष्य की कुंजी है। क्लबफुट, बहरापन या अन्य जन्मजात बीमारियों का समय पर इलाज जरूरी है। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के तहत हम इन बच्चों को पूरी तरह निःशुल्क इलाज उपलब्ध करा रहे हैं। मैं अभिभावकों से अपील करता हूं कि वे समय-समय पर अपने बच्चों की स्वास्थ्य जांच करवाएं और किसी भी लक्षण को नजरअंदाज न करें।”
सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ लें- जिलाधिकारी
किशनगंज के जिलाधिकारी विशाल राज ने कहा “सरकारी स्वास्थ्य सेवाएं सभी के लिए उपलब्ध हैं और इनका लाभ उठाना हर माता-पिता की जिम्मेदारी है। यह बेहद खुशी की बात है कि हमारे जिले के बच्चों को बेहतर इलाज के लिए भागलपुर भेजा जा रहा है। मैं सभी अभिभावकों से अनुरोध करता हूं कि वे अपने बच्चों की नियमित जांच करवाएं और जरूरत पड़ने पर सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ लें।”
किशनगंज, बिहार -जन्मजात बहरापन क्लबफुट और क्लीफ्ट लिप जैसी गंभीर समस्याओं से पीड़ित नौ बच्चों को मिलेगा नया जीवन -राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम
आरबीएसके टीम का सराहनीय प्रयास
आरबीएसके डीआईसी प्रबंधक सह जिला समन्वयक पंकज कुमार शर्मा ने कहा “राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के तहत हमारी टीम लगातार जरूरतमंद बच्चों तक पहुंच रही है। हम सिर्फ बच्चों को अस्पताल भेजने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि उनके इलाज और पुनर्वास की पूरी प्रक्रिया में परिवारों की मदद कर रहे हैं। हम चाहते हैं कि कोई भी बच्चा इलाज से वंचित न रहे।”
अभिभावकों के लिए महत्वपूर्ण संदेश
✅ जन्मजात बहरापन, क्लबफुट और क्लीफ्ट लिप जैसी बीमारियों का इलाज अब सरकारी अस्पतालों में निःशुल्क उपलब्ध है
✅ समय पर इलाज से बच्चा सामान्य जीवन जी सकता है
✅ आरबीएसके टीम जरूरतमंद परिवारों को हर संभव सहायता देती है
✅ हर माता-पिता को अपने बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच करवानी चाहिए
आपका एक कदम, आपके बच्चे का स्वस्थ भविष्य
अगर आपके परिवार या आसपास कोई बच्चा जन्मजात बहरापन, क्लबफुट, क्लीफ्ट लिप या अन्य बीमारियों से पीड़ित है, तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या जिला अस्पताल में संपर्क करें। सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाएं और अपने बच्चे को स्वस्थ जीवन की ओर बढ़ाएं।
स्वस्थ बचपन, उज्ज्वल भविष्य:सीएस
सिविल सर्जन डॉ मंजर आलम ने बताया की सरकार और स्वास्थ्य विभाग यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि हर बच्चा स्वस्थ जीवन जी सके। इस अभियान के तहत समय पर इलाज से बच्चों को नया जीवन मिल रहा है। अब यह हमारी जिम्मेदारी है कि हम जागरूक रहें और जरूरतमंदों को सही दिशा दिखाएं। आइए, मिलकर एक स्वस्थ समाज बनाएं!























