*परियोजना पदाधिकारी द्वारा लोक सूचना अधिकार 2005 के तहत बनी कानून की उड़ाई जा रही धज्जियाँ*
नजरिया न्यूज़ बथनाहा।
नरपतगंज बाल विकास परियोजना कार्यालय अंतर्गत सेक्टर 08 केंद्र संख्या 10209060841 पर मेघा सूची के बगैर सेविका बहाली का मामला प्रकाश में आया है मामला आंगनबाड़ी सेविका से जुड़ा हुआ है जिसे महिला पर्यवेक्षिका स्वेता कुमारी एवं बाल विकास परियोजना पदाधिकारी सी डी पी ओ स्नेहलता द्वारा बिना मेघा सूची के सविका की बहाली कर दी गई बतातें चले कि आवेदन के साथ दशवीं की अंकपत्र संलग्न नहीं किया गया था मेघा सूची में स्पष्ट दर्शाया हुआ है मेघा सूची में सभी आवेदिका का प्रतिशत दर्शाया हुआ है किरण देवी की प्रतिशत की जगह दर्शाया हुआ है अंक पत्र नहीं दिया गया है। उनके बाबजूद पोसदाहा पंचायत वार्ड संख्या 08 में सेविका की चयन कर दी गई मालूम हो कि नरपतगंज प्रखण्ड अंतर्गत बाल विकास परियोजना कार्यालय नरपतगंज के पोसदाहा पंचायत वार्ड संख्या 08 में सेविका सहायिका चयन हेतु 2019 में आवेदन ली गई थी, जिसमे सेविका पद हेतू कुल 09 आवेदिका आवेदन की थी और सहायिका पद हेतू 2 सहायिका आवेदन की थी आवेदन के उपरांत मेघा सूची तैयार की गई जिसे परियोजना कार्यालय के बाहर सार्वजनिक रूप से दीवाल पर चिपकाया गया जिसमे सभी आवेदिका की प्रतिशत दर्शाया गया लेकिन किरण देवी की आवेदन में दशवीं की अंक पत्र नहीं रहने के कारण मेघा सूची में उसकी प्रतिशत जगह स्पष्ट लिखा हुआ था कि मैट्रिक अंक पत्र नहीं है दर्शाया गया मेघा सूची के उपरांत आम सभा किया गया पहली आमसभा में चयन की प्रक्रिया पूर्ण नहीं हो पाई पुनः दूसरी आमसभा की गई जिसमें क्रमांक 01 की आवेदिका जो भारतीय शिक्षा परिषद उत्तर प्रदेश बोर्ड से प्रमाण पत्र था एवं बिहार बोर्ड से भी था एवं भारतीय शिक्षा परिषद उत्तर प्रदेश जिस पर सेविका पद हेतु आवेदन की थी वह अमान्य बोर्ड की सूची में रहने के कारण उसे चयन हेतु अयोग्य माना गया था क्रमांक 02 एवं 06 की आवेदिका की सास वर्तमान सरपंच थी जिसे अयोग्य माना गया क्रमांक 03 की आवेदिका की उम्र कम थी जो अयोग्य हुआ क्रमांक 04 एवं 5 की आवेदिका वर्तमान जन वितरण प्रणाली की बहू है क्रमांक 08 की आवेदिका उक्त वार्ड की बेटी थी एवं उनके भी मेघा सूची में लिखा हुआ था कि मेट्रिक में फैल है क्रमांक 09 की आवेदिका का अंक पत्र आवेदन के साथ नहीं दिया गया था जिससे उनकी मेघा सूची में प्रतिशत नही होने से उसे भी चयन हेतू मान्य नहीं किया गया एवं बारी बारी से सभी आवेदिका के ऊपर पर विचार करते हुए आम सभा में क्रमांक 07 की आवेदिका रूबी कुमारी पति राजीव कुमार यादव का चयन किया गया चयन के उपरांत विपक्षी आवेदिका द्वारा जिला प्रोग्राम पदाधिकारी अररिया के न्यायालय में वाद दाखिल किया गया जिसमें रूबी कुमारी की पक्ष सुने बगैर बिना किसी कागजात का अवलोकन किए रूबी कुमारी की चयन को रद्द कर दिया उसके बाद रूबी कुमारी ने जिला समाहर्ता न्यायालय अररिया में रिवीजन वाद दाखिल किया जिसकी सुनवाई चल रही थी लेकिन बीच मे रूबी कुमारी की तबियत बहुत ज्यादा खराब हो गई जिसे बेड रेस्ट कुछ दिन रहना पड़ा उसी बीच रूबी कुमारी की तारिक छूट गई जिससे जिला समाहर्ता न्यायालय न्यायाधीश द्वारा वाद को खारिज करते हुए आदेश किया कि नरपतगंज प्रखण्ड अंतर्गत पोसदाहा पंचायत वार्ड संख्या 08 में अगर सेविका सहायिका की चयन यदि नहीं किया गया है तो नियमानुसार करवाना सुनिश्चित करें। जबकि रूबी कुमारी का चयन दिनांक 01 अगस्त 2019 को दूसरी आम सभा में की गई थी जिला समाहर्ता न्यायालय का स्पष्ट आदेश नहीं था कि सेविका की चयन करें। जिला समाहर्ता न्यायालय आदेश के उपरांत रूबी कुमारी ने पूर्णियां आयुक्त न्यायालय में रिवीजन दाखिल किया जिसमें आयुक्त महोदय ने सुनवाई करते हुए जिला समाहर्ता न्यायालय सह जिला पदाधिकारी अररिया को निर्देश दिया कि उक्त वाद की रिमांड कर गुण दोष देखते हुए मेरिट के आधार पर वाद की समुचित करवाई करें,। इसी बीच आनन फानन में महिला पर्यवेक्षिका स्वेता कुमारी द्वारा मोटी रकम लेकर गुप्त तरीके से चयन एवं ट्रेनिंग करवा कर केंद्र का संचालन करवाने लागी ये सारी बातें आमसभा में चयनित रूबी कुमारी के द्वारा पूरी आपबीती सुनाई गई आगे रूबी कुमारी ने प्रशासन से गुहार लगाते हुए बताई की मेरी सभी कागजात का अवलोकन करें और मुझे न्याय दें मैं 5 साल से कोर्ट कचहरी का चक्कर लगा लगा कर परेशान हूँ मुझे चयनित की गई थी मैं योग्य आवेदिका हूँ मेरी सभी कागजात का अवलोकन किया जाए और अविलम्ब केंद्र संचालन रोकते हुए किरण देवी की चयन को निरस्त किया जाए क्योंकि वह पढ़ी लिखी कुछ नहीं है आवेदन करने के बाद वह संस्कृत बोर्ड से कागज बनवा कर महिला पर्यवेक्षिका की मिली भगत से दशवीं की अंकपत्र आवेदन में लगा दिया है। पूर्व चयनित सविका रूबी कुमारी ने बताई की मैं वार्ड संख्या 08 का निवासी हूँ किरण देवी द्वारा मुझे बार बार ये हवाला दिया जा रहा है कि वह दूसरे वार्ड संख्या 05 में घर बना लिया है में स्पष्ट कर दूं कि मेरे पति दो भाई है मैं अपने पति के साथ वार्ड संख्या 08 में निवास करती हूँ मेरा कामत दूसरी जगह बना हुआ है जहां भैंस माल एवं खेती से संबंधित कार्य किया जाता है । मेरे पति के छोटे भाई मेरी सास एवं उनके पत्नी वार्ड संख्या 05 में रहता है मैं अपने पति एवं ससुर के साथ वार्ड संख्या 08 में निवास करती हूं मेरा सभी कुछ वार्ड संख्या 08 का है ,। जिस समय चयन किया जा रहा था मैं बार बार परियोजना जाकर लिखित आवेदन दी थी मैंने परियोजना में पद स्थापित पदाधिकारी से गुहार लगाई की जब तक स्पष्ट आदेश नहीं आ जाता तब तक बहाली की प्रक्रिया स्थगित रखा जाए मैंने बार बार मांग किया कि अगर आपके पास स्पष्ट आदेश हो तो मुझे दीजिए मैंने लोक सूचना अधिकार 2005 के तहत भी चयन पत्र आदेश पत्र की मांग की लेकिन परियोजना में पद स्थापित पदाधिकारी के सामने मेरी कोई भी गुहार काम न आ सकी न हिं लोक सूचना अधिकार 2005 के तहत बनी कानून की सभी की मनोपोली ये दर्शाती थी कि आप कुछ भी कहो मुझे फर्क नहीं पड़ेगा मै जो करूंगा वही होगा आगे श्री कुमारी ने बताई अभी भी मेरा मामला जिला पदाधिकारी सह जिला समाहर्ता न्यायालय अररिया में लंबित है
जिला पदाधिकारी मेडम सर इनायत खान बहुत हीं ईमानदार एवं विद्वान पदाधिकारी में से एक है वह भी एक महिला हैं महिला की पीड़ा को अवश्य समझेंगे मैं 5 साल से न्याय के लिए भटक रही हूं गलती हमारी थी मेरी तबियत खराब होने से मै तारिक में अनुपस्थित रही मेरी पक्ष की उपस्थिति नहीं रहने से मेरी पक्ष एवं कागजात को नहीं सुना एवं देखा गया जिस पर जिला पदाधिकारी द्वारा एक पकक्षीय फैसला सुनाया गया था जिला पदाधिकारी महोदय के आदेश को तोड़ मडोडकर बिना पढ़ी लिखी महिला जिसकी अंक पत्र भी आवेदन के समय नहीं दिया गया उसे महिला पर्यवेक्षिका द्वारा चयनित कर दी गई है। मुझे पूरी उम्मीद है महिला पर्यवेक्षिका के ऊपर बिना मेघा सूची के चयन के आरोप में कानूनी कार्यवाई करेंगे।





















