नजरिया न्यूज़, अररिया। विकाश प्रकाश।
कांग्रेस की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की माता जी के विषय में की गई कथित अभद्र टिप्पणी को लेकर NDA ने आज बिहार बंद बुलाया। इस बंद का व्यापक असर अररिया जिले में भी देखा गया। सुबह से ही एनडीए कार्यकर्ता और नेता सड़कों पर उतर आए तथा विरोध-प्रदर्शन किया। शहर के कई चौक-चौराहों पर जाम की स्थिति बनी रही।
प्रदर्शनकारियों में बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल हुईं। बस स्टैंड, मेन रोड और बाजार क्षेत्र में प्रदर्शनकारियों ने कांग्रेस और राजद के खिलाफ जमकर नारे लगाए। अररिया सांसद प्रदीप कुमार सिंह स्वयं बस स्टैंड पहुंचे और एनडीए कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की माता पर की गई टिप्पणी न केवल एक माँ का अपमान है बल्कि पूरे देशवासियों की मातृ-शक्ति का अपमान है।
प्रदर्शनकारी कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और राजद नेता तेजस्वी यादव से सार्वजनिक माफी की मांग की। उनका कहना था कि जब तक इन नेताओं द्वारा माफी नहीं मांगी जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि ऐसे बयानों पर रोक नहीं लगी और दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और उग्र हो सकता है।
बिहार बंद के दौरान अररिया जिले के बाजार, दुकानें और कई शैक्षणिक संस्थान बंद रहे। परिवहन व्यवस्था पर भी इसका गहरा असर पड़ा। बसों और निजी वाहनों का परिचालन ठप रहा, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी उठानी पड़ी। सुबह से ही मुख्य सड़कों पर जगह-जगह कार्यकर्ताओं ने सड़क जाम कर दिया, जिसके कारण लोगों को वैकल्पिक मार्ग से गुजरना पड़ा।
प्रदर्शन कर रहे लोगों का कहना था कि प्रधानमंत्री देश के लोकतांत्रिक प्रणाली के सर्वोच्च पद पर हैं और उनकी माता के बारे में अपमानजनक टिप्पणी करना पूरे देश के सम्मान को ठेस पहुँचाना है। उन्होंने कहा कि ऐसी राजनीति को जनता कभी बर्दाश्त नहीं करेगी।
एनडीए नेताओं ने साफ शब्दों में कहा कि यदि कांग्रेस और राजद नेता माफी नहीं मांगते हैं तो जनता इन्हें चुनाव में करारा जवाब देगी। पूरे दिन अररिया जिला विरोध-प्रदर्शन और नारेबाजी से गूंजता रहा।























